बिलासपुर। छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग रायपुर द्वारा आयोजित नौंवा प्रांतीय सम्मेलन 2026 का दो दिवसीय आयोजन 10 एवं 11 जनवरी को सिम्स बिलासपुर के सभा कक्ष में संपन्न हुआ। इस गरिमामय आयोजन में छत्तीसगढ़ी भाषा, साहित्य और संस्कृति को समर्पित रचनाकारों का सम्मान एवं पुस्तकों का विमोचन किया गया।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि माननीय राजेश अग्रवाल, संस्कृति, पर्यटन, धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व मंत्री (छत्तीसगढ़ शासन) रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता माननीय अमर अग्रवाल विधायक बिलासपुर ने की।
विशेष अतिथियों के रूप में माननीय धरमलाल कौशिक विधायक बिल्हा, माननीय सुशांत शुक्ला विधायक बेलतरा, माननीय धर्मजीत सिंह विधायक तखतपुर, माननीय अटल श्रीवास्तव विधायक कोटा, श्रीमती पूजा विधानी महापौर बिलासपुर, सुनील जैन संभागायुक्त बिलासपुर, राजभाषा आयोग की सचिव श्रीमती अभिलाषा बेहार, पूर्व अध्यक्ष डॉ. विनय पाठक तथा वरिष्ठ साहित्यकार परदेशीराम वर्मा उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के प्रथम सत्र में छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग रायपुर द्वारा प्रकाशित कुल 11 पुस्तकों का विमोचन किया गया।इसी क्रम में बेमेतरा निवासी साहित्यकार डॉ. गोकुल बंजारे (चंदन) द्वारा रचित छत्तीसगढ़ी गीत-कविता संग्रह “चंदन के सुगंध” का विमोचन अतिथियों के करकमलों से किया गया। अतिथियों ने पुस्तक की सराहना करते हुए लेखक को शुभकामनाएं दीं। उल्लेखनीय है कि “चंदन के सुगंध” डॉ. गोकुल बंजारे की दूसरी प्रकाशित कृति है।
इस अवसर पर डॉ. रोहित यादव (सचिव, संस्कृति विभाग), डॉ. रमणेश मूर्ति (अधिष्ठाता, सिम्स बिलासपुर), डॉ. राघवेन्द्र कुमार दुबे, वरिष्ठ साहित्यकार सनत तिवारी, नंदकिशोर तिवारी, डॉ. बिहारीलाल साहू, डॉ. सुधीर शर्मा, श्रीमती सरला शर्मा, सुमन बाजपेयी, पद्मलोचन शर्मा ‘मुहफट’, मीर अली मीर, इंजीनियर गजानंद पात्रे, जगतारन डहरे, चोवाराम वर्मा ‘बादल’, मंगत रविन्द्र, जिला समन्वयक बेमेतरा रामानंद त्रिपाठी, मनोज पाटिल ‘मणि’, विशाल ध्रुवे ‘गंवइहा’, ईश्वर साहू ‘आरुग’, डॉ. नीलेश तिवारी, श्रीमती कांतिप्रभा बंजारे, सविता पात्रे, वंदना बनर्जी, दिव्या सूर्यवंशी सहित प्रदेश भर से सैकड़ों महिला-पुरुष साहित्यकार, कवि एवं कवयित्रियां उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम का संचालन वरिष्ठ साहित्यकार विजय कुमार मिश्रा (अमित) ने किया।
