रज्जू बंजारे
बेमेतरा । जिले में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के अंतर्गत संचालित एवं प्रस्तावित विकास कार्यों की गहन समीक्षा के लिए जिला पंचायत सभाकक्ष में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत द्वारा की गई।बैठक में सहायक परियोजना अधिकारी, कार्यक्रम अधिकारी, तकनीकी सहायक सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। इस दौरान युक्तधारा पोर्टल के माध्यम से प्रस्तावित एवं स्वीकृत कार्यों की बिंदुवार समीक्षा की गई। अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि ग्राम पंचायत स्तर पर जल संरक्षण को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए अधिक से अधिक टिकाऊ एवं स्थायी परिसंपत्तियों का निर्माण सुनिश्चित किया जाए, जिससे ग्रामीणों को रोजगार उपलब्ध कराने के साथ-साथ दीर्घकालीन आजीविका के अवसर भी सृजित हो सकें।मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने कहा कि युक्तधारा पोर्टल के माध्यम से विभिन्न विभागों के अभिसरण (कन्वर्जेंस) से योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन किया जाना आवश्यक है। इससे संसाधनों का समुचित उपयोग होगा और कार्यों की गुणवत्ता में सुधार आएगा।बैठक में मनरेगा के अंतर्गत स्वीकृत कार्यों के साथ-साथ प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के निर्माण कार्यों की भी समीक्षा की गई। आवास निर्माण कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने के लिए संबंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए।इसके अतिरिक्त मनरेगा के अंतर्गत जल संरक्षण से जुड़े कार्यों—जैसे तालाब, चेकडैम, स्टॉपडैम, नाला उपचार एवं अन्य जलसंचयन संरचनाओं—को प्राथमिकता के आधार पर समस्त ग्राम पंचायतों में शीघ्र स्वीकृति प्रदान कर कार्य प्रारंभ कराने के निर्देश दिए गए। साथ ही आजीविका डबरी निर्माण हेतु ग्राम पंचायतों से प्रस्ताव प्राप्त कर तत्काल निर्माण कार्य प्रारंभ करने के निर्देश भी दिए गए, जिससे जल संरक्षण के साथ ग्रामीणों की आय में वृद्धि सुनिश्चित की जा सके।बैठक के अंत में अधिकारियों से अपेक्षा की गई कि सभी योजनाओं का क्रियान्वयन पारदर्शिता, गुणवत्ता और समयबद्धता के साथ किया जाए, ताकि मनरेगा के उद्देश्यों की पूर्ति करते हुए जिले के ग्रामीण विकास को नई दिशा और गति मिल सके।
